बटलर के 'तूफान' में उड़ा आरसीबी, मिली घर पर हार
बेंगलुरु: पहले मोहम्मद सिराज की घातक गेंदबाजी और फिर जोस बटलर की तूफानी फिफ्टी से गुजरात टाइटंस ने रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु को उसके घर में 8 विकेट से हरा दिया। गुजरात की टीम की ये 18वें सीजन में दूसरी जीत है, जबकि आरसीबी को लगातार दो मैच में मिली जीत के बाद पहली हार का स्वाद चखना पड़ा है। गुजरात टाइटंस और आरसीबी के बीच यह मुकाबला एम चिन्नास्वामी क्रिकेट स्टेडियम में खेला गया था। मैच में गुजरात के कप्तान शुभमन गिल ने टॉस जीतने के बाद पहले गेंदबाजी का फैसला किया था।
आरसीबी की घर पर हार
टॉस हारने के बाद आरसीबी की टीम ने लियाम लिविंगस्टोन और जितेश की पारी की मदद से निर्धारित 20 ओवर खेल में 8 विकेट के नुकसान पर 169 रन का स्कोर खड़ा किया था। इसके जवाब में लक्ष्य का पीछा करने उतरी गुजरात की टीम ने 13 गेंद रहते ही 170 रन बनाकर मैच को अपने नाम कर लिया। इस तरह आरसीबी को अपने घर पर शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा।
गिल का फ्लॉप शो
गुजरात की तरफ से बल्लेबाजी में एक बार फिर से साईं सुदर्शन ने बल्लेबाजी में कमाल किया था। साईं सुदर्शन ने शुभमन गिल के साथ पारी की शुरुआत करते हुए 36 गेंद में 49 रनों की पारी खेली। वह सिर्फ 1 रन से अपनी फिफ्टी चूक गए। अपनी इस पारी में सुदर्शन ने 7 चौके और 1 छक्का भी लगाया। वहीं कप्तान शुभमन गिल एक बार फिर से बल्लेबाजी में असरदार नहीं रहे।
जोस बटलर का तूफान
शुभमन के विकेट के बाद जोस बटलर बल्लेबाजी के लिए मैदान पर उतरे। कुछ देर तक क्रीज पर समय बिताने के बाद उन्होंने भी अपनी रफ्तार पकड़ी। इसके बाद तो मानों वह आरसीबी के गेंदबाजों पर कहर बनकर टूटे। बटलर गुजरात की तरफ से तूफानी अंदाज में बैटिंग करते हुए 39 गेंद में 73 रन बनाकर नाबाद रहे। अपनी इस पारी में उन्होंने 6 छक्के और 5 चौके भी लगाए। वहीं उनके साथ इंपैक्ट सब के रूप में शेफरन रदरफोर्ड 18 गेंद में 30 रन बनाकर नाबाद रहे। गुजरात के लिए रदरफोर्ड ने विनिंग शॉट लगाया।
गेंदबाजी में भी आरसीबी फ्लॉप
गुजरात के खिलाफ इस मुकाबले में आरसीबी के गेंदबाज बुरी तरह से फ्लॉप रहे। आरसीबी की टीम कसी हुई फील्डिंग के बावजूद सिर्फ 2 विकेट ही निकाल पाई। टीम की तरफ से ये दोनों विकेट तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड और भुवनेश्वर कुमार के नाम रहा। इसके अलावा और कोई भी गेंदबाज विकेट निकालने में नहीं सफल रहे। हालांकि, टीम के लिए जोश हेजलवुड विकेट निकालने के बावजूद भी काफी महंगे रहे। वहीं स्पिन गेंदबाजी में टीम को कोई खास योगदान नहीं मिल पाया।